RBI का बड़ा ऐलान Infra Financing होगी सस्ती, NBFC शेयरों में उछाल
भारतीय रिज़र्व बैंक (RBI) ने बुधवार को इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर के लिए बड़ी राहत का ऐलान किया। RBI ने नियमों में बदलाव करते हुए NBFCs द्वारा High-Quality Infra Projects को दिए जाने वाले लोन पर Risk Weightage घटा दिया है।
इस फैसले का सीधा असर लोन की लागत (Loan Cost) पर पड़ेगा और Infra Financing पहले की तुलना में सस्ती होगी।
शेयर बाजार में तगड़ी रौनक
RBI के इस कदम के बाद NBFC सेक्टर के शेयरों में जोरदार तेजी देखने को मिली:
- HUDCO 4% चढ़कर ₹233 पर
- REC 2.5% बढ़कर ₹382 पर
- PFC 2.1% की तेजी के साथ ₹419 पर
- IREDA 3.7% उछलकर ₹154 पर
वहीं broader indices में भी हल्की तेजी रही, जहां NSE Bank Nifty Index 0.5% ऊपर और Nifty Financial Services Index 0.6% बढ़ा।
Regulatory Reforms Package
गवर्नर संजय मल्होत्रा ने अक्टूबर की मॉनेटरी पॉलिसी की घोषणा करते हुए बताया कि यह कदम 22 Regulatory Reforms के बड़े पैकेज का हिस्सा है।
इस पैकेज का उद्देश्य है
- Banks और NBFCs को ज्यादा Flexibility और Competitiveness देना
- Credit Flow में सुधार लाना
- Regulations को सरल बनाना
- Consumer Protection को मजबूत करना
Risk Weightage कम होने से बैंकों और NBFCs की Capital Requirement घटेगी और साथ ही Infra Projects के लिए Loan Cost भी कम होगी।
आर्थिक दृष्टिकोण (Economic Outlook)
गवर्नर मल्होत्रा ने कहा कि
- Investment Activity और GST Rationalisation जैसे सुधारों से घरेलू अर्थव्यवस्था मजबूत बनी हुई है।
- हालांकि, Global Trade Uncertainty और Tariff Issues की वजह से External Demand पर दबाव बना हुआ है।
RBI का मानना है कि NBFCs के जरिए सस्ती Infra Financing, Domestic Demand और Investment Activity को सपोर्ट करेगी, जिससे आने वाले समय में Growth Momentum कायम रहेगा।
कुल मिलाकर, RBI का यह फैसला न सिर्फ Infra Sector के लिए बड़ा बूस्ट है, बल्कि इससे NBFCs की ग्रोथ स्टोरी और मजबूत हो सकती है।
