Tax Revenue और Disinvestment Income में दबाव, Fiscal Deficit Target पर सरकार की नजर
Tax Revenue और Disinvestment से होने वाली कमाई में कमजोरी के संकेतों के बीच केंद्र सरकार के सामने Fiscal Discipline बनाए रखने की बड़ी चुनौती खड़ी हो गई है। अर्थशास्त्रियों का मानना है कि अगर सरकार FY26 में Fiscal Deficit को GDP के 4.4% तक सीमित रखना चाहती है, तो उसे कुल सरकारी खर्च (Expenditure) में नियंत्रण करना पड़ेगा — भले ही Nominal GDP अनुमान से अधिक क्यों न रहे।
एक वरिष्ठ सरकारी अधिकारी ने Moneycontrol से बातचीत में कहा,
“सरकार Fiscal Deficit को GDP के 4.4% पर बनाए रखने के लक्ष्य पर कायम रहना चाहेगी, इसके लिए कुछ खर्चों को मैनेज करना पड़ सकता है।”
Nominal GDP Estimates बजट अनुमान से कमजोर
Statistics Ministry द्वारा जारी First Advance Estimates (FAE) के अनुसार:
- FY26 में Nominal GDP growth ~8% रहने का अनुमान
- बजट में यह अनुमान 10.1% रखा गया था
FAE के मुताबिक
- FY26 Nominal GDP ₹357.14 लाख करोड़
- बजट अनुमान ₹356.97 लाख करोड़
हालांकि absolute GDP आंकड़ा लगभग समान है, लेकिन growth rate के कमजोर रहने से Revenue projections पर दबाव बढ़ गया है।

Fiscal Deficit का गणित और सीमित गुंजाइश
FAE के आधार पर
- Fiscal Deficit लगभग GDP का 4.39% बनता है
इसका मतलब यह है कि
- सरकार के पास करीब ₹20,000 करोड़ अतिरिक्त खर्च की गुंजाइश है
- शर्त: Revenue targets में कोई गिरावट न हो
लेकिन मौजूदा हालात को देखते हुए यह शर्त पूरी होना मुश्किल माना जा रहा है।
Supplementary Demand से बढ़ सकता है दबाव
केंद्र सरकार ने
- ₹41,455 करोड़ की First Supplementary Demand for Grants पेश की है
अगर
- यह पूरा खर्च जोड़ा गया
- और Revenue assumptions में सुधार नहीं हुआ
तो
- Fiscal Deficit बढ़कर GDP का 4.5% तक पहुंच सकता है
Economists की राय Revenue Target हासिल करना मुश्किल
अर्थशास्त्रियों का कहना है कि:
- Direct Tax और Indirect Tax—दोनों में कमजोरी
- Disinvestment से मिलने वाली रकम भी अनुमान से कम
India Ratings & Research के Chief Economist DK Pant के मुताबिक,
“FY26 में Fiscal Deficit 4.4% का लक्ष्य हासिल किया जा सकता है, लेकिन इसके लिए खर्च में कटौती जरूरी होगी। Tax Revenue और Disinvestment दोनों में दबाव बना रहेगा।”
ANZ Bank का अनुमान ₹1.4 लाख करोड़ का झटका
ANZ Bank के Economist Dhiraj Nim का कहना है,
“Net Tax Revenue में करीब ₹1.4 लाख करोड़ की कमी हो सकती है। Disinvestment income भी उम्मीद से काफी कम रहने की आशंका है। Fiscal Deficit target पाने के लिए सरकार को Capital Expenditure और Revenue Expenditure—दोनों में कटौती करनी होगी।”
अब तक की Tax Revenue स्थिति
April–November 2025 के दौरान
- Net Tax Revenue: ₹13.94 लाख करोड़
- सालाना आधार पर 3.4% की गिरावट
जबकि बजट में
- FY26 के लिए Net Tax Revenue growth 10.96%
- Target: ₹28.37 लाख करोड़
Disinvestment और Asset Monetisation का हाल
- कुल लक्ष्य ₹47,000 करोड़
- अब तक की कुल कमाई ₹23,717 करोड़
DIPAM के डेटा के अनुसार
- Pure Disinvestment proceeds: सिर्फ ₹8,768 करोड़
निष्कर्ष Fiscal Discipline बनाना बड़ी चुनौती
कमजोर Tax Collections, सुस्त Disinvestment और बढ़ते खर्च की मांग के बीच केंद्र सरकार के लिए Fiscal Deficit को 4.4% पर बनाए रखना आसान नहीं होगा। आने वाले महीनों में खर्च में कटौती और Capital Allocation पर सख्त नजर रखी जा सकती है।
