STT बढ़ोतरी पर Zerodha के Nithin Kamath ने उठाए सवाल
सरकार द्वारा Equity Derivatives (F&O) पर Securities Transaction Tax (STT) बढ़ाने के फैसले को लेकर बाजार में लगातार चर्चा हो रही है। इसी बीच Zerodha के co-founder और CEO नितिन कामथ ने इस फैसले पर सवाल खड़े किए हैं।
उनका मानना है कि STT बढ़ाने से Futures & Options में सट्टेबाजी (speculation) कम होने की उम्मीद बहुत कम है, बल्कि इससे बाजार से जुड़ी समस्याएं और बढ़ सकती हैं।
“सरकार की सोच पूरी तरह साफ नहीं” – Nithin Kamath
नितिन कामथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X (पूर्व में Twitter) पर अपनी राय साझा करते हुए लिखा कि उन्हें इस फैसले के पीछे सरकार की सोच पूरी तरह स्पष्ट नहीं लगती।
उनके मुताबिक
- अगर मकसद सट्टेबाजी को रोकना है,
- तो STT बढ़ाना सही तरीका नहीं माना जा सकता।

Futures पर ज्यादा असर, जबकि सट्टेबाजी Options में
नितिन कामथ ने यह भी कहा कि STT बढ़ोतरी का असर ज्यादा Futures trading पर पड़ता है, जबकि भारत में ज्यादातर सट्टेबाजी Options trading में होती है।
उन्होंने बताया कि
- भारत में F&O ट्रेडिंग का करीब 95% हिस्सा Options में होता है
- Futures की तुलना में Options में retail participation और speculative activity कहीं ज्यादा है
ऐसे में अगर STT का बोझ Futures पर ज्यादा और Options पर कम रखा जाता है, तो इसका असर उल्टा भी हो सकता है।
Market Structure पर पड़ सकता है नकारात्मक असर
नितिन कामथ के मुताबिक, STT बढ़ने से
- Genuine hedgers और arbitrageurs की cost बढ़ेगी
- Liquidity पर असर पड़ सकता है
- Trading ecosystem में imbalance आ सकता है
उनका मानना है कि speculation को कंट्रोल करने के लिए tax बढ़ाने से ज्यादा जरूरी है market education, risk awareness और structural reforms।
निष्कर्ष STT बढ़ोतरी से सट्टेबाजी रुकेगी या बढ़ेगी?
Zerodha के co-founder की राय यह संकेत देती है कि STT बढ़ोतरी अपने आप में F&O speculation को रोकने का प्रभावी उपाय नहीं है।
भारत जैसे market में, जहां Options trading हावी है, वहां policy decisions लेते समय trading behavior और market structure को ध्यान में रखना जरूरी है।
