Jeffrey Epstein और Longevity Research का नया खुलासा
यौन अपराधों के लिए दोषी ठहराए जा चुके Jeffrey Epstein को लेकर एक बार फिर चौंकाने वाला खुलासा सामने आया है। नए अमेरिकी Justice Department documents के अनुसार, Epstein अपनी उम्र बढ़ाने और लंबी ज़िंदगी पाने की चाह में genetic testing और experimental longevity research पर भारी रकम खर्च कर रहा था।
इन दस्तावेज़ों के सामने आने के बाद एक बार फिर प्रमुख scientists और elite research institutions के साथ Epstein के रिश्तों पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
Regenerative Medicine में Epstein की गहरी दिलचस्पी
CNN की रिपोर्ट के मुताबिक, सामने आए नए emails से पता चलता है कि Epstein ने वेश्यावृत्ति के मामलों में दोषी ठहराए जाने के बाद भी अपने genetic material का इस्तेमाल regenerative medicine के लिए करने की कोशिश की।
Regenerative medicine medical science का वह क्षेत्र है, जिसमें:
- नए tissues और organs विकसित किए जाते हैं
- शरीर की मरम्मत
- उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा या पलटने
पर रिसर्च की जाती है।
Jeffrey Epstein पैसा, पावर और अपराध की कहानी
Jeffrey Epstein अमेरिका का एक प्रभावशाली financier और अरबपति था। उसकी पहचान
- आलीशान ज़िंदगी
- हाई-प्रोफाइल पार्टियों
- प्रभावशाली लोगों से नज़दीकी
के रूप में थी।
लेकिन नाबालिगों से जुड़े यौन अपराधों के आरोपों के बाद उसकी ज़िंदगी पूरी तरह बदल गई। लंबी कानूनी प्रक्रिया के बाद उसे दोषी ठहराया गया और जेल भेजा गया। 2019 में जेल में ही उसकी मौत हो गई, जिसे आधिकारिक तौर पर suicide बताया गया।
उसकी करीबी सहयोगी और कथित प्रेमिका Ghislaine Maxwell को 2021 में नाबालिग लड़कियों की trafficking में मदद करने का दोषी ठहराया गया और वह फिलहाल 20 साल की जेल की सजा काट रही है।
Joseph Thakuria और Epstein के बीच कनेक्शन
दस्तावेज़ों के अनुसार, Epstein ने Joseph Thakuria द्वारा की गई genetic testing के लिए भुगतान किया था। उस समय Thakuria:
- Massachusetts General Hospital (MGH), Boston में senior physician
- Harvard Medical School के Personal Genome Project (PGP) से जुड़े researcher
थे।
PGP एक बड़ा public genetic database है, जिसका उपयोग दुनियाभर के वैज्ञानिक research के लिए करते हैं।
Private Genomics Project का प्रस्ताव
फरवरी 2014 में Thakuria ने Epstein को एक private genomics project का proposal भेजा। इसका उद्देश्य:
- मरीजों के genome sequencing
- बीमारियों के genetic causes को समझना
था।
Emails से यह भी सामने आया कि इस proposal में Epstein के लिए खास तौर पर डिजाइन की गई research plan शामिल थी।
शुरुआती Invoice और DNA Sequencing
जून 2014 में Thakuria ने Epstein को एक invoice भेजा, जिसमें 2,000 डॉलर की शुरुआती राशि मांगी गई थी। इसमें शामिल था
- Epstein के saliva sample से exome sequencing
- fibroblast cells की sequencing
इन samples का इस्तेमाल उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को पलटने से जुड़ी experimental research के लिए किया जाना था। Emails से पता चलता है कि Epstein के staff ने उसी दिन भुगतान कर दिया था।
Personalized Longevity Study और CRISPR Technology
Invoice में भविष्य की और भी महंगी रिसर्च का जिक्र था, जिसे “Personalized Longevity Study” नाम दिया गया।
इसमें शामिल था
- CRISPR gene-editing technology
- Epstein के stem cells में mutations डालने का प्रस्ताव
- उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को धीमा या उलटने की कोशिश
नई stem cells बनाने की लागत 10,000 डॉलर से शुरू होती थी, जबकि पूरी genome sequencing की कीमत 11,400 डॉलर तक जाती थी।
The Venus Project 1.6 लाख डॉलर का प्रस्ताव
CNN के अनुसार, जून 2014 के invoice में सबसे बड़ा आइटम “The Venus Project” था, जिसकी लागत 160,000 डॉलर बताई गई थी।
इसमें शामिल था
- बड़े स्तर का genomic research
- भारी bioinformatics infrastructure
- Hardware के लिए 100,000 डॉलर
- Software के लिए सालाना 60,000 डॉलर
हालांकि Thakuria के मुताबिक, यह Epstein का शुरुआती आइडिया था और कभी पूरी तरह लागू नहीं हो पाया।
Emails, दबाव और अधूरा रिसर्च
हालांकि यह साबित नहीं हो पाया कि Epstein ने सभी प्रस्तावित सेवाओं के लिए भुगतान किया था, लेकिन Epstein, Thakuria और उनके assistants के बीच 2015 तक email बातचीत चलती रही।
कुछ emails में
- Research results को लेकर दबाव
- देरी होने पर hospital leadership से शिकायत की धमकी
जैसे संकेत भी मिले हैं।
Harvard Scientist George Church की भूमिका
Joseph Thakuria को Epstein से George Church ने मिलवाया था, जो Harvard के एक प्रसिद्ध genomics researcher और CRISPR technology के बड़े नाम माने जाते हैं।
Church ने स्वीकार किया है कि:
- Epstein ने उनकी research को donation दी थी
- दोनों के बीच संपर्क था
2019 में Church ने Epstein से जुड़े रहने को लेकर सार्वजनिक रूप से माफी भी मांगी थी।
क्या Jeffrey Epstein अब भी जिंदा है?
इन दस्तावेज़ों के सामने आने के बाद एक बार फिर conspiracy theories तेज हो गई हैं, जिनमें दावा किया जाता है कि Epstein ने 2019 में अपनी मौत का नाटक किया था।
हालांकि, genetic testing और longevity research से जुड़े इन खुलासों में ऐसा कोई ठोस सबूत नहीं मिला, जिससे यह साबित हो सके कि Jeffrey Epstein आज भी जिंदा है।
निष्कर्ष
Jeffrey Epstein से जुड़ा यह नया खुलासा दिखाता है कि कैसे पैसा, power और science के खतरनाक मेल ने ethical सीमाओं को धुंधला कर दिया। यह मामला न सिर्फ Epstein के अतीत पर सवाल उठाता है, बल्कि elite scientific institutions की accountability पर भी गंभीर बहस को जन्म देता है।
