Patanjali Foods Share Crash 3 दिनों में बड़ी गिरावट, कंपनी ने BSE-NSE को दी सफाई
Patanjali Foods Share Price में लगातार तीसरे कारोबारी सत्र भी भारी गिरावट देखने को मिली। 15 जुलाई के कारोबार के दौरान कंपनी का शेयर एक समय 17% से अधिक टूटकर ₹337.85 तक पहुंच गया। बढ़ती बिकवाली और असामान्य ट्रेडिंग वॉल्यूम के बाद BSE और NSE ने कंपनी से स्पष्टीकरण मांगा, जिस पर कंपनी ने साफ किया कि उसके कारोबार में कोई नकारात्मक या अघोषित घटना नहीं हुई है।
Patanjali Foods Share में क्यों आई बड़ी गिरावट?
मंगलवार के कारोबार में Patanjali Foods के शेयर में तेज बिकवाली देखने को मिली। कारोबार के दौरान स्टॉक करीब 17.1% तक टूट गया, जबकि ट्रेडिंग वॉल्यूम सामान्य से लगभग 6 गुना अधिक रहा।
दोपहर करीब 3 बजे तक शेयर लगभग 13.43% की गिरावट के साथ ₹352.80 पर कारोबार कर रहा था।
फ्यूचर्स मार्केट के आंकड़ों के अनुसार, शेयर की कीमत गिरने के साथ Open Interest (OI) में भी बढ़ोतरी दर्ज हुई, जो बाजार में नए Short Positions बनने का संकेत देती है।
BSE और NSE के सवाल पर कंपनी ने क्या कहा?
शेयर में लगातार गिरावट के बाद BSE और NSE ने कंपनी से पूछा कि क्या शेयर की कमजोरी के पीछे कोई ऐसी महत्वपूर्ण जानकारी या कॉर्पोरेट डेवलपमेंट है जिसका खुलासा अभी तक नहीं किया गया है।
इसके जवाब में Patanjali Foods ने कहा कि:
- कंपनी का कारोबार पूरी तरह सामान्य तरीके से चल रहा है।
- सभी बिजनेस ऑपरेशन पहले की तरह जारी हैं।
- कंपनी अपने ग्रोथ प्लान पर लगातार काम कर रही है।
- ऐसी कोई महत्वपूर्ण या अघोषित जानकारी मौजूद नहीं है जिसका खुलासा करना आवश्यक हो।
SEBI LODR Regulations का पालन करने का दावा
कंपनी ने अपनी एक्सचेंज फाइलिंग में कहा कि उसने SEBI (LODR) Regulations, 2015 के तहत सभी आवश्यक खुलासे समय-समय पर किए हैं।
कंपनी के अनुसार
- शेयर की कीमत को प्रभावित करने वाली सभी महत्वपूर्ण जानकारियां पहले ही BSE और NSE को उपलब्ध कराई जा चुकी हैं।
- मैनेजमेंट की जानकारी के अनुसार कोई ऐसी घटना नहीं हुई है जो निवेशकों से छिपाई गई हो।
- Regulation 30 के तहत आवश्यक सभी डिस्क्लोजर का पूरी तरह पालन किया गया है।
कारोबार पर क्या असर पड़ा?
कंपनी ने स्पष्ट किया कि
- बिजनेस सामान्य रूप से संचालित हो रहा है।
- फाइनेंशियल या ऑपरेशनल स्तर पर कोई असामान्य बदलाव नहीं हुआ है।
- ग्रोथ प्लान पहले की तरह जारी है।
यानी कंपनी का कहना है कि शेयर में आई गिरावट किसी कारोबारी कमजोरी या अघोषित कॉर्पोरेट घटना की वजह से नहीं है।
निवेशकों के लिए क्या संकेत?
हालांकि कंपनी ने किसी नकारात्मक घटनाक्रम से इनकार किया है, लेकिन शेयर में तेज गिरावट और बढ़े हुए ट्रेडिंग वॉल्यूम यह दिखाते हैं कि बाजार में फिलहाल निवेशकों की धारणा कमजोर बनी हुई है।
निवेशकों को आगे इन बातों पर नजर रखनी चाहिए:
- शेयर में वॉल्यूम और ओपन इंटरेस्ट की चाल
- कंपनी से जुड़े भविष्य के कॉर्पोरेट अपडेट
- आगामी तिमाही नतीजे
- बाजार का समग्र सेंटीमेंट
