कंपनियों के लिए बड़ी राहत सरकार घटाएगी कंप्लायंस का बोझ
भारतीय कंपनियों के लिए एक बड़ी राहत आने वाली है। सरकार अब कंप्लायंस के बोझ को कम करने की दिशा में कदम बढ़ा रही है, और जल्द ही Ease of Doing Business 2.0 लागू किया जाएगा। यह कदम 2014 में शुरू किए गए सुधारों की अगली कड़ी माना जा रहा है।
High-Level Committee करेगी नए नियमों की सिफारिश
सरकार एक High-Level Committee बनाने की योजना पर काम कर रही है, जो Non-Financial Sector के मौजूदा नियमों को आसान बनाने और Foreign Investment के प्रावधानों को सरल करने के सुझाव देगी।
इसका हिस्सा होगा Jan Vishwas 2.0, जिसके तहत छोटे उल्लंघनों को अपराध की श्रेणी से बाहर किया जाएगा।
Ease of Doing Business 2.0 के मुख्य पॉइंट्स
- टैक्स प्रोसेसेज और कंप्लायंस को सरल बनाया जाएगा।
- Licensing और Certification प्रक्रियाओं को आसान किया जाएगा।
- Industry Segments को फायदा, खासकर वे जो Trump Tariffs से प्रभावित हो सकते हैं।

Union Budget 2025 की घोषणाओं से जुड़ा
Finance Minister Nirmala Sitharaman ने 1 फरवरी 2025 को Union Budget में कई बड़े ऐलान किए थे, जिनमें शामिल हैं
Certification Rules की समीक्षा के लिए Committee
Licensing & Permission नियमों को आसान करने के लिए नई नीति
एक साल में Committees की रिपोर्ट पेश होगी
Investment Friendliness Index
2025 में राज्यों के लिए एक Investment Friendliness Index लॉन्च किया जाएगा, जिससे राज्यों के बीच प्रतिस्पर्धा बढ़ेगी और Foreign Investment के लिए माहौल बेहतर होगा।
Jan Vishwas Bill 2.0 का महत्व
- 100 से ज्यादा प्रावधानों को अपराध की श्रेणी से हटाने की योजना।
- यह Bill 18 अगस्त को लोकसभा में पेश किया गया, और जल्द ही Parliamentary Committee को भेजा जाएगा।
सरकार का फोकस अब Policy Making, Deregulation और Compliance Reduction पर है, जिससे भारत का बिज़नेस माहौल और आसान बनेगा।
