FIIs Investment Trend नवंबर के दूसरे पखवाड़े की बड़ी तस्वीर
नवंबर 2025 के दूसरे पखवाड़े में विदेशी संस्थागत निवेशकों (FIIs) ने अपने पोर्टफोलियो में बड़े स्तर पर बदलाव किए हैं। जहां एक ओर उन्होंने FMCG, Auto, Financial और IT सेक्टर में बड़ी बिकवाली की, वहीं दूसरी ओर Telecom, Oil & Gas और Capital Goods सेक्टर में जोरदार खरीदारी देखने को मिली है। यह बदलाव बाजार के ट्रेंड और निवेशकों के भरोसे को साफ दर्शाता है।
FMCG Sector में FII Selling का सबसे बड़ा दबाव
नवंबर के दूसरे पखवाड़े में FMCG सेक्टर पर FII बिकवाली की सबसे ज्यादा मार पड़ी।
- दूसरे पखवाड़े में ₹2,722 करोड़ की बिकवाली
- पहले पखवाड़े में ₹2,040 करोड़ से अधिक की बिक्री
लगातार दो चरणों में भारी बिकवाली से यह साफ संकेत मिलता है कि फिलहाल इस सेक्टर में निवेशकों का भरोसा कमजोर बना हुआ है।

Auto Sector में बिकवाली जारी
Auto सेक्टर भी FII selling के दबाव से बाहर नहीं निकल सका।
- दूसरे पखवाड़े में ₹1,257 करोड़ की बिकवाली
- पहले पखवाड़े में ₹385 करोड़ की बिकवाली
इससे यह संकेत मिलता है कि ग्लोबल डिमांड और लागत से जुड़ी चिंताओं ने अभी भी निवेशकों को सतर्क कर रखा है।
Financial Sector में कमजोर भरोसा
Financial सेक्टर में भी बिकवाली का सिलसिला जारी रहा।
- दूसरे पखवाड़े में ₹1,137 करोड़ की FII Selling
- पहले पखवाड़े में ₹2,041 करोड़ की बड़ी निकासी
यह दर्शाता है कि बैंकिंग और फाइनेंशियल स्टॉक्स में निवेशकों की जोखिम उठाने की क्षमता फिलहाल कम बनी हुई है।
IT Sector में लगातार Selling Pressure
IT सेक्टर में FII की बिकवाली लगातार बनी हुई है।
- दूसरे पखवाड़े में ₹921 करोड़ की बिकवाली
- पहले पखवाड़े में ₹4,873 करोड़ की भारी Selling
ग्लोबल टेक स्पेंडिंग में सुस्ती, अमेरिका के बाजार की अनिश्चितता और कमजोर गाइडेंस ने इस सेक्टर पर दबाव बढ़ाया है।
Telecom Sector बना FII की पहली पसंद
Telecom सेक्टर में FII की जबरदस्त खरीदारी देखने को मिली।
- दूसरे पखवाड़े में ₹4,913 करोड़ का निवेश
- पहले पखवाड़े में ₹9,413 करोड़ का भारी Inflow
यह साफ दिखाता है कि टेलीकॉम इंडस्ट्री में ग्रोथ और रेवन्यू की मजबूत संभावनाएं बनी हुई हैं।
Oil & Gas Sector में मजबूत भरोसा
Oil & Gas सेक्टर में भी FII का भरोसा लगातार बना रहा।
- दूसरे पखवाड़े में ₹4,177 करोड़ की खरीदारी
- पहले पखवाड़े में ₹2,992 करोड़ का Inflow
Global pricing और मजबूत refining margins इस सेक्टर को निवेशकों के लिए आकर्षक बना रहे हैं।
Capital Goods Sector में बढ़ती खरीदारी
Capital Goods सेक्टर में FII निवेश लगातार बढ़ रहा है।
- दूसरे पखवाड़े में ₹1,707 करोड़ की Net Buying
- पहले पखवाड़े में ₹788 करोड़ की खरीदारी
Infrastructure spending और मजबूत order book इस सेक्टर को सपोर्ट कर रहे हैं।
Consumer Durables में Trend में तेज बदलाव
Consumer Durables सेक्टर में इस बार ट्रेंड पूरी तरह पलट गया।
- दूसरे पखवाड़े में ₹1,273 करोड़ की खरीदारी
- पहले पखवाड़े में ₹1,379 करोड़ की बिकवाली
यह बदलाव डिमांड में रिकवरी की ओर मजबूत संकेत देता है।
Healthcare Sector में फिर लौटी Buying
Healthcare सेक्टर में भी FII की वापसी हुई।
- दूसरे पखवाड़े में ₹743 करोड़ की Net Buying
- पहले पखवाड़े में ₹2,526 करोड़ की भारी बिकवाली
यह सेक्टर अब धीरे-धीरे निवेशकों का भरोसा दोबारा जीतता नजर आ रहा है।
Metals Sector में बढ़ी बिकवाली
Metals सेक्टर में दिशा पूरी तरह बदल गई।
- पहले पखवाड़े में ₹236 करोड़ की खरीदारी
- दूसरे पखवाड़े में ₹1,045 करोड़ की भारी Selling
Global commodity market की कमजोरी इसका मुख्य कारण मानी जा रही है।
निष्कर्ष (Conclusion)
नवंबर के दूसरे पखवाड़े में FII Investment Trend पूरी तरह से सेक्टर आधारित रणनीति पर चलता नजर आया। जहां Telecom, Oil & Gas और Capital Goods सेक्टर में मजबूत खरीदारी दिखी, वहीं FMCG, IT, Auto और Financial सेक्टर में भारी बिकवाली ने बाजार के ट्रेंड को चुनौती दी। आने वाले समय में ग्लोबल संकेत और घरेलू आर्थिक डेटा इन सेक्टरों की दिशा तय करेंगे।
