IRFC ने छत्तीसगढ़ पावर कंपनी को ₹12,640 करोड़ का लोन मंजूर किया
रेलवे पीएसयू कंपनी Indian Railway Finance Corp Ltd (IRFC) ने छत्तीसगढ़ राज्य विद्युत उत्पादन कंपनी लिमिटेड (CSPGCL) को ₹12,640 करोड़ का लोन मंजूर किया है। यह अमाउंट कोरबा पश्चिम में 2×660 मेगावाट सुपर क्रिटिकल थर्मल पावर प्रोजेक्ट के लिए इस्तेमाल होगा।
CSPGCL छत्तीसगढ़ सरकार की पूर्ण स्वामित्व वाली यूनिट है और राज्य की सबसे बड़ी बिजली उत्पादन कंपनी है, जिसकी स्थापित क्षमता 2,600 मेगावाट से अधिक है।

IRFC की भूमिका और विस्तार
IRFC, रेल मंत्रालय की वित्तीय शाखा के रूप में काम करती है। कंपनी ने हाल ही में ‘नवरत्न’ का दर्जा प्राप्त किया है और अब पारंपरिक रेलवे प्रोजेक्ट्स से आगे बढ़कर बड़े इंफ्रास्ट्रक्चर प्रोजेक्ट्स में भी निवेश कर रही है। इसमें बिजली उत्पादन, खनन, पोर्ट और मल्टीमॉडल लॉजिस्टिक्स जैसे सेक्टर शामिल हैं।
IRFC का शेयर प्राइस प्रदर्शन
- शुक्रवार को IRFC का शेयर 1.50% गिरकर ₹122.20 पर बंद हुआ।
- पिछले एक साल में इस स्टॉक में 22% की गिरावट देखने को मिली है।
- गिरावट मुख्य रूप से साल के पहले छह महीनों में आई, जबकि दूसरी छमाही में स्टॉक लगभग फ्लैट रहा।
कंपनी की वित्तीय स्थिति
- डेट टू इक्विटी रेशियो 7.44 (बहुत ऊँचा, लेकिन लोन देने वाले बिज़नेस मॉडल के कारण सामान्य)
- रिटर्न ऑन इक्विटी (ROE) 12.8% (स्थिर और मजबूत)
- प्राइस टू अर्निंग (P/E) 23.9 (इंडस्ट्री एवरेज के बराबर)
- कंपनी की कमाई स्थिर बनी हुई है और PSU स्टॉक्स में यह एक महत्वपूर्ण खिलाड़ी है।
निवेशकों के लिए संकेत
IRFC का बिज़नेस मॉडल मुख्य रूप से लोन फाइनेंसिंग पर आधारित है, जिसमें रेलवे और इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की बड़ी परियोजनाओं को फंडिंग की जाती है।
हालांकि कंपनी पर कर्ज़ का स्तर ऊँचा है, लेकिन इसका बिज़नेस मॉडल ऐसा है कि ब्याज़ दरों के अंतर से मुनाफा बना रहता है।
CSPGCL को दिया गया नया लोन IRFC के पोर्टफोलियो को और मजबूत करेगा और आने वाले समय में कंपनी के राजस्व में बढ़ोतरी की संभावना है।
