डीमर्जर के बाद Vedanta Aluminium पर बढ़ा ब्रोकरेज का भरोसा
वेदांता ग्रुप की डीमर्जर प्रक्रिया पूरी होने के बाद मेटल सेक्टर को लेकर ब्रोकरेज हाउस काफी उत्साहित नजर आ रहे हैं। खासतौर पर Vedanta Aluminium Metal को लेकर सकारात्मक रुख देखने को मिल रहा है।
शुक्रवार के कारोबारी सत्र में कंपनी का शेयर 2% से अधिक की बढ़त के साथ ₹457.77 पर बंद हुआ। हालांकि पिछले पांच ट्रेडिंग सेशनों में स्टॉक लगभग 12% तक फिसला है, लेकिन ब्रोकरेज फर्मों का मानना है कि लंबी अवधि में इसमें मजबूत ग्रोथ की संभावना बनी हुई है।
Kotak और Citi दोनों ने दी Buy Rating
ब्रोकरेज फर्म Kotak Institutional Equities ने स्टॉक पर भरोसा जताते हुए Buy Rating बनाए रखी है।
Kotak का टारगेट
- Target Price ₹600
- संभावित Upside लगभग 30%
वहीं Citigroup (Citi) ने भी स्टॉक पर सकारात्मक राय देते हुए:
- Target Price ₹560
- संभावित Upside लगभग 18%
का अनुमान जताया है।
Valuation को लेकर क्या कहते हैं ब्रोकरेज?
दोनों ब्रोकरेज ने अलग-अलग वैल्यूएशन मॉडल का इस्तेमाल किया है।
Kotak Institutional
- FY28 अनुमानित EV/EBITDA का 7x Multiple
Citi
- सितंबर 2027 के EV/EBITDA का 6x Multiple
ब्रोकरेज का मानना है कि कंपनी की मजबूत कमाई क्षमता और भविष्य की ग्रोथ संभावनाएं मौजूदा वैल्यूएशन को आकर्षक बनाती हैं।
भारत की सबसे बड़ी Aluminium Producer
Vedanta Aluminium को सिर्फ एक सामान्य मेटल कंपनी नहीं माना जा रहा है।
कंपनी
- भारत की सबसे बड़ी एल्यूमिनियम उत्पादक कंपनियों में शामिल है।
- चीन के बाहर दुनिया के प्रमुख एल्यूमिनियम उत्पादकों में गिनी जाती है।
- घरेलू और वैश्विक बाजार दोनों में मजबूत उपस्थिति रखती है।
यही कारण है कि ब्रोकरेज इसे एल्यूमिनियम सेक्टर का प्रमुख खिलाड़ी मान रहे हैं।
Capacity Expansion से बढ़ सकती है कमाई
Kotak Institutional का मानना है कि आने वाले वर्षों में कंपनी की उत्पादन क्षमता लगातार बढ़ेगी।
संभावित फायदे
अधिक Production
Revenue Growth
EBITDA Expansion
Market Share में वृद्धि
ब्रोकरेज के अनुसार कंपनी आने वाले वर्षों में सेक्टर की सबसे तेज वॉल्यूम ग्रोथ दिखाने वाली कंपनियों में शामिल हो सकती है।
Cost Cutting बन सकती है बड़ा गेम चेंजर
Vedanta Aluminium की सबसे बड़ी ताकत सिर्फ ग्रोथ नहीं बल्कि लागत में संभावित कमी भी है।
कंपनी वर्तमान में
- Bauxite Mines Projects
- Coal Mines Projects
पर तेजी से काम कर रही है।
यदि ये प्रोजेक्ट सफल होते हैं तो कंपनी को बाहरी स्रोतों से कच्चा माल खरीदने की जरूरत कम पड़ेगी।
संभावित प्रभाव
- Cost में लगभग $150 प्रति टन तक कमी
- Operating Margin में सुधार
- Profitability में मजबूत वृद्धि
यह कंपनी की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता को और मजबूत बना सकता है।
Aluminium Market पर Citi का बड़ा अनुमान
Citi का एल्यूमिनियम सेक्टर को लेकर आउटलुक और भी ज्यादा सकारात्मक है।
ब्रोकरेज के अनुसार
- अगले 3 से 6 महीनों में Global Aluminium Inventory तेजी से घट सकती है।
- Market Deficit बढ़ने की संभावना है।
- Aluminium Prices में 15% से 20% तक उछाल आ सकता है।
Base Case Scenario
Citi का अनुमान है कि एल्यूमिनियम की कीमतें $4,000 प्रति टन तक पहुंच सकती हैं।
यदि ऐसा होता है तो Vedanta Aluminium जैसी कंपनियों को सीधे तौर पर फायदा मिल सकता है।
