AI Era में Investment का नया मंत्र Awareness, Adaptability और Smart Selection
दिल्ली में आयोजित News18 Rising Bharat Summit में दिग्गज निवेशक और MK Ventures के Founder Madhusudan Kela ने मौजूदा मार्केट हालात और भविष्य की निवेश रणनीति पर बड़ा संदेश दिया।
उनका साफ कहना था — AI के दौर में टिके रहने के लिए Awareness और Adaptability सबसे जरूरी हैं।
AI Revolution Winners और Losers तय करेगा बदलाव
केला ने कहा कि AI बदलाव की रफ्तार को असाधारण स्तर पर ले गया है। इतिहास गवाह है कि टेक्नोलॉजी ने समाज को नुकसान नहीं पहुंचाया, लेकिन इसने हमेशा Winners और Losers बनाए हैं।
उदाहरण
- Apple Inc. ने Innovation को अपनाया और आगे बढ़ी
- BlackBerry बदलाव के साथ तालमेल नहीं बैठा सकी
- Kodak डिजिटल क्रांति में पिछड़ गई
AI युग में भी यही होगा। IT कंपनियों के भीतर भी Winners और Losers बनेंगे। जो तेजी से AI को अपनाएंगे, वही आगे निकलेंगे।
Short Term चिंता, Long Term Opportunity
केला के अनुसार
- AI खुद को तेजी से अपग्रेड कर रहा है
- बदलाव की गति पहले से कहीं ज्यादा तेज है
- Short Term में रोजगार को लेकर चिंता संभव है
- लेकिन Medium और Long Term में बड़े अवसर मौजूद हैं
भारत के पास मजबूत टैलेंट पूल है और देश Global AI Solutions Provider बनने की क्षमता रखता है।
Stock Market View Smallcap में अवसर, लेकिन सावधानी जरूरी
पिछले 18 महीनों में बाजार में रिटर्न स्थिर रहे हैं।
- Smallcap Index करीब 11–12% नीचे
- लगभग 1000 कंपनियों में से 350 कंपनियों के शेयर 35–40% तक गिर चुके
इसका मतलब है कि वैल्यूएशन कूल डाउन हुआ है और Selective Buying Opportunity बन रही है।

लेकिन यह “आंख मूंदकर निवेश” का समय नहीं है।
Mutual Funds और Largecap Bias
केला ने बताया कि बड़े Mutual Funds का फोकस आमतौर पर Largecap Stocks पर रहता है।
Smallcap में Institutional Participation सीमित होता है, इसलिए गिरावट ज्यादा गहरी दिखती है।
आने वाले महीनों में Carefully Selected Smallcaps बेहतर रिटर्न दे सकते हैं।
Interest Rate Cycle और Historical Trend
ऐतिहासिक रूप से
- जब Interest Rates कम होते हैं
- और बाजार में तेज गिरावट आती है
तो ऐसे समय में किया गया निवेश लंबी अवधि में बेहतरीन रिटर्न देता है।
